
सांस्कृतिक और धार्मिक कार्यक्रम की शुरुवात
अयोध्या। श्री विश्वकर्मा सुथार-जांगिड़ समाज चैरिटेबल ट्रस्ट, वृंदावन-मथुरा के तत्वावधान में सात दिवसीय धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजन की शुरुआत हुई है। इसके तहत कथा, रामलला दर्शन, हनुमानगढ़ी दर्शन एवं विभिन्न धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। कार्यक्रम में कथा वाचन संत चरणदास (नागौर) की ओर से किया जा रहा है, जबकि आयोजन को सदरी लीलाबाई (खजवाड़ा, नागौर) का सानिध्य प्राप्त है।
कार्यक्रम के अध्यक्ष चंदनराम (जैसलमेर) ने बताया कि लंबे समय से समाज की इच्छा थी कि अयोध्या धाम में एक भव्य धार्मिक आयोजन किया जाए और समाज के लोगों को रामलला के दर्शन कराए जाएं। इसी उद्देश्य से 3 जून से 10 जून तक का यह सात दिवसीय आयोजन रखा गया है।
सचिव मोहनलाल सुथार ने बताया कि आयोजन में संपूर्ण भारतवर्ष से समाज के लोग पहुंचे हैं। उन्होंने कहा कि रामनगरी में आकर सभी श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक आनंद की अनुभूति हुई है और रामलला के दर्शन कर समाज के लोग भाव-विभोर हैं। उन्होंने बताया कि कार्यक्रम का संचालन 21 सदस्यीय समिति कर रही है। आयोजन में विशेष रूप से समस्त प्रवासी राजस्थानी सुथार-जांगिड़ समाज के लोग एवं देशभर से आए समाजबंधु और भक्तगण शामिल हो रहे हैं।
अयोध्या में हुए विकास कार्यों की सराहना की
अयोध्या में हुए विकास कार्यों की सराहना करते हुए उन्होंने कहा कि कि मंदिर परिसर, घाटों, साफ-सफाई और श्रद्धालुओं के लिए उपलब्ध कराई गई सुविधाएं अत्यंत उत्कृष्ट हैं। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से किए गए विकास कार्य देखने योग्य हैं और भविष्य में भी इसी प्रकार की जनहितकारी योजनाएं जारी रहनी
चाहिए।
